नई दिल्ली। देश के कुछ राज्यों में मानसून कमजोर पड़ा है लेकिन ज्यादातर राज्यों में मानसून की भारी बारिश जारी है। पहाड़ों पर जारी बारिश के कारण मैदानी इलाकों में कई राज्यों में नदियां उफान पर हैं। उत्तर प्रदेश में गंगा के अलावा घाघरा, सरयू समेत 10 नदियां उफान पर हैं। खबर है कि बिजनौर में गंगा का पानी सड़क पर आ गया है और स्टेट हाईवे के ऊपर से बह रहा है।
भारी बारिश के कारण शुक्रवार को गुजरात में सभी स्कूलों और कॉलेजों की छुट्टी कर दी गई थी। वहीं, उत्तराखंड में भी खराब मौसम को देखते हुए बागेश्वर और रुद्रप्रयाग में भी स्कूल बंद रहे। मध्य प्रदेश में मानसून के तीन बहुत मजबूत सिस्टम सक्रिय हैं। इसके चलते अगले दो दिन प्रदेश के पश्चिमी हिस्से में भारी बारिश का अलर्ट है। महाराष्ट्र के सतारा में भारी बारिश के कारण दो जगह भूस्खलन हुआ है, जिससे सड़कें बंद हो गई हैं। मौसम विभाग ने राजस्थान, बिहार सहित सात राज्यों में भी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
पहाड़ी राज्यों की बात करें तो हिमाचल प्रदेश में मानसून की बारिश लगातार हो रही है। इस बीच मौसम विभाग ने 31 जुलाई तक के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। हालांकि मंडी जिले में ब्यास नदी का जलस्तर सामान्य बना हुआ है और अब तक किसी भी तरह की बाढ़ या आपदा की सूचना नहीं है। अरुणचाल प्रदेश में भी भारी बारिश का अलर्ट जारी है। मौसम विभाग ने नौ जिलों के लिए फ्लैश फ्लड की आशंका जताई है।
गौरतलब है कि इस बार मानसून में गुजरात में लगातार बारिश हो रही है। बंगाल की खाड़ी से उठ रहे तूफान के कारण गुजरात के सूरत में प्रशासन को हाई अलर्ट पर रखा गया है। खराब मौसम की आशंका को देखते हुए राज्य सरकार ने संभावित नुकसान को कम करने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं। एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें तैयार रखी गई हैं और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त टीमों को तुरंत भेजा जा सकता है।
