संसद का आज से दूसरा चरण शुरू

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नई दिल्ली। संसद के बजट सत्र के सोमवार से शुरू होने वाले दूसरे चरण के हंगामेदार रहने की संभावना है। इस दौरान लोकसभा में विपक्ष द्वारा प्रायोजित उस प्रस्ताव पर चर्चा होनी है, जिसमें लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को हटाने की मांग की गई है। पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया जा सकता है, क्योंकि विपक्ष पहले से ही ईरान के प्रति सरकार के रुख, भारत द्वारा रूस से तेल खरीदने पर अमेरिका द्वारा दी गई “छूट” और अन्य मुद्दों को लेकर सरकार पर हमला कर रहा है।

इसके अलावा, चुनावी राज्य पश्चिम बंगाल में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के परिणाम, जिसके कारण लगभग 60 लाख नाम हटा दिए जाने का दावा किया गया है, का भी संसदीय कार्यवाही पर असर पड़ने की आशंका है। बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव कई विपक्षी नेताओं द्वारा लाया गया है, जिन्होंने आरोप लगाया कि उन्होंने सदन में “स्पष्ट रूप से पक्षपातपूर्ण तरीके से काम किया”।

उन्होंने अध्यक्ष पर लोकसभा में कुछ “अप्रत्याशित कार्रवाइयों” का हवाला देते हुए कांग्रेस सदस्यों के खिलाफ “झूठे दावे किए जाने” और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा का जवाब देने के लिए सदन में न आने का अनुरोध करने का भी आरोप लगाया था।

बिरला ने नोटिस प्रस्तुत किए जाने की तारीख से सदन की कार्यवाही से खुद को अलग कर लिया था। लोकसभा सचिवालय ने कहा था कि वह एजेंडा के निपटारे के बाद ही लौटेंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने शनिवार को बिरला का समर्थन करते हुए कहा कि वह सभी सांसदों को साथ लेकर चले हैं और संविधान तथा संसदीय लोकतंत्र के सिद्धांतों के प्रति प्रतिबद्ध हैं।

अविश्वास प्रस्ताव के अलावा, ईरान पर अमेरिका-इजराइल के हमले और पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव, जिसके कारण कच्चे तेल की आपूर्ति में व्यवधान और कीमतों में वृद्धि हुई है, पर भी सत्र के दौरान चर्चा होने की संभावना है। विपक्ष द्वारा इस मामले पर सरकार की नीति पर सवाल उठाए जाने की संभावना है।

तृणमूल कांग्रेस के सांसद सदन में एसआईआर मामले को उठाने के लिए तैयार हैं, जबकि भाजपा शनिवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की पश्चिम बंगाल यात्रा के दौरान हुए “कथित प्रोटोकॉल उल्लंघन” के मुद्दे को उठा सकती है। बजट सत्र के शेष भाग में सरकार द्वारा विद्युत संशोधन विधेयक को भी पेश किए जाने की उम्मीद है, साथ ही सत्र के पहले भाग से लंबित अन्य विधायी कार्यों पर भी विचार किया जाएगा।

सोमवार की कार्य सूची के अनुसार, लोकसभा अध्यक्ष के खिलाफ प्रस्ताव ही लोकसभा के दिन की कार्यसूची में सूचीबद्ध मुख्य विषय है।


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