यूपी का मंत्रिमंडल विस्तार कब होगा?

यह ऐसा प्रश्न बन गया है, जिसका कोई जवाब नहीं दे पा रहा है। 2022 में सरकार बनने के बाद से पिछले चार साल में योगी आदित्यनाथ के मंत्रिमंडल में कोई बदलाव नहीं हुआ है। एकाध वैकेंसी होने पर मंत्री बनाना या एकाध विभाग बदलना अलग बात है। लेकिन चार साल से ज्यादा समय तक… Continue reading यूपी का मंत्रिमंडल विस्तार कब होगा?

अनिल अग्रवाल निशाने पर, बचाव में उतरे जिंदल, बेदी

वेदांता समूह के मालिक अनिल अग्रवाल निशाने पर हैं। असल में अब तक मोदी भक्ति करते रहे अनिल अग्रवाल ने पिछले दिनों सरकार की दुखती नस पर हाथ रख दिया था। उन्होंने जेपी समूह का अधिग्रहण अडानी समूह द्वारा किए जाने को चुनौती दी थी। वे अदालत पहुंचे थे, जहां उन्होंने कहा कि उनकी बोली… Continue reading अनिल अग्रवाल निशाने पर, बचाव में उतरे जिंदल, बेदी

महिलाओं के मतदान व्यवहार पर असर नहीं

महिला आरक्षण के लिए बनाए गए नारी शक्ति वंदन कानून में बदलाव नहीं हो सका और इससे महिलाओं को विधानसभाओं व लोकसभा में आरक्षण मिलने का रास्ता रूक गया, इससे महिलाएं बहुत नाराज होंगी ऐसा कहने और मानने वाले लोग सिर्फ भाजपा के नेता हैं। बाकी किसी को इस तरह की धारणा पर शायद ही… Continue reading महिलाओं के मतदान व्यवहार पर असर नहीं

सरकार के दांव से विपक्ष का फायदा

केंद्र सरकार ने महिला आरक्षण के लिए नारी शक्ति वंदन कानून में संशोधन का विधेयक इस राजनीतिक एजेंडे के साथ पेश किया था कि पश्चिम बंगाल के चुनाव में इसका फायदा हो जाएगा। बंगाल मातृ शक्ति की पूजा करने वाला राज्य है और अगर चुनाव से ऐन पहले महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण मिल गया… Continue reading सरकार के दांव से विपक्ष का फायदा

सोनिया व राहुल के खिलाफ कानूनी मामले

सोनिया गांधी और राहुल गांधी के खिलाफ ऐसा नहीं है कि सिर्फ राजनीतिक स्तर पर भाजपा की लड़ाई चल रही है। भाजपा के नेता किसी न किसी कानूनी मुकदमे में भी दोनों को उलझाए रखना चाहते हैं। नेशनल हेराल्ड मामले में तो दोनों के खिलाफ धनशोधन का मामला चल ही रहा है, राहुल गांधी के… Continue reading सोनिया व राहुल के खिलाफ कानूनी मामले

स्टालिन और राहुल एक साथ मंच पर नहीं आए

राहुल गांधी बड़ी मुश्किल से तमिलनाडु में प्रचार के लिए गए। शनिवार को उन्होंने कई जगह जनसभाओं को संबोधित किया और डीएमके, कांग्रेस व वीसीके सहित दूसरी सहयोगी पार्टियों के उम्मीदवारों के लिए वोट मांगे। लेकिन सबसे हैरानी की बात यह रही कि राहुल गांधी और एमके स्टालिन ने कहीं पर मंच साझा नहीं किया।… Continue reading स्टालिन और राहुल एक साथ मंच पर नहीं आए

चुनाव के दौरान छापा और उम्मीदवारों को नोटिस

पुराने तमाम नेता यह दोहराते रहे हैं कि राजनीति सिर्फ नियम, सिद्धांत, विचार या परंपरा से नहीं, बल्कि लोकलाज से चलती है। पुराने नेता इसका बहुत ध्यान रखते थे। नियम भले नहीं हो लेकिन एक अघोषित परंपरा रही है कि चुनाव के समय केंद्रीय या राज्यों की एजेंसियां सत्तारूढ़ दल के विरोधी नेताओं को परेशान… Continue reading चुनाव के दौरान छापा और उम्मीदवारों को नोटिस

पूर्वोत्तर में भाजपा को झटका

केंद्र में 2014 में सरकार बनाने के बाद भाजपा ने पूर्वोत्तर में सबसे तेजी से विस्तार किया। केंद्र में आने के दो से तीन साल के भीतर पूर्वोत्तर के लगभग सभी राज्यों में भाजपा की या उसकी सहयोगी पार्टियों की सरकार बन गई। लेकिन अब ऐसा लग रहा है कि पूर्वोत्तर में हवा उलटी चल… Continue reading पूर्वोत्तर में भाजपा को झटका

अगले चुनाव से संभव है महिला आरक्षण

महिला आरक्षण की आड़ में लाया गया परिसीमन का विधेयक संसद में पास नहीं हो सका। एकजुट विपक्ष ने सरकार को हरा दिया। उसके बाद से इस बात की चर्चा हो रही है कि क्या महिला आरक्षण अब कई बरसों के लिए टल गया? ऐसा नहीं है। अगर सरकार पूरी प्रक्रिया में तेजी ले आए… Continue reading अगले चुनाव से संभव है महिला आरक्षण

विपक्ष को मनोवैज्ञानिक बढ़त

केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी दोनों को अंदाजा रहा होगा कि संविधान संशोधन का विधेयक पास नहीं होगा। फिर भी उसे पेश किया गया ताकि विपक्ष को महिला विरोधी ठहराया जाए। तीन दिन में सरकार ने यही काम किया। इसका ज्यादा मैसेज पश्चिम बंगाल में देना था, जहां भाजपा का मुकाबला तृणमूल कांग्रेस से… Continue reading विपक्ष को मनोवैज्ञानिक बढ़त

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