राममंदिर दान गबन: एसआईटी मंदिर ट्रस्ट के पिछले पांच साल के खातों का दोबारा ऑडिट करेगी

Categorized as समाचार

अयोध्या में राम मंदिर में दान के कथित गबन की जांच कर रहा विशेष जांच दल (एसआईटी) श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पिछले पांच वर्षों के खातों का फिर से ऑडिट करेगा क्योंकि प्रारंभिक जांच में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताओं का संकेत मिला है। सूत्रों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।

सूत्रों ने बताया कि पुन: ऑडिट में निर्माण-संबंधी व्यय के साथ-साथ दान के रूप में प्राप्त आभूषण और सोने तथा चांदी की अन्य वस्तुओं को भी शामिल किया जाएगा।

सूत्रों ने कहा कि प्रारंभिक जांच के दौरान सामने आए कथित गबन के सबूतों के बाद एसआईटी पूरे पांच साल के ट्रस्ट के वित्तीय रिकॉर्ड की विस्तृत जांच करेगी। एक और घटनाक्रम में, अयोध्या पुलिस ने मुख्य आरोपी अविनाश शुक्ला को हिरासत में लेने के बाद उससे पूछताछ की।

इस मामले में दान की गिनती के काम में शामिल शुक्ला को पहले ही गिरफ़्तार किया जा चुका है और बृहस्पतिवार को एक स्थानीय अदालत ने उन्हें 24 घंटे की पुलिस हिरासत में भेज दिया।

पुलिस सूत्रों ने बताया कि शुक्ला, जिनके पास से इस मामले में अब तक सबसे ज़्यादा नकद राशि बरामद हुई है, के ख़िलाफ़ कानूनी कार्रवाई तेज़ कर दी गई है।

एसआईटी ने श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय, ट्रस्टी अनिल मिश्रा और मंदिर के निर्माण और प्रबंधन से जुड़े गोपाल राव से पूछताछ की है।

Also Read : मुंबई में देह व्यापार गिरोह का भंडाफोड़: मेकअप आर्टिस्ट गिरफ्तार

राय और मिश्रा ने अपने-अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है और ट्रस्ट द्वारा छह जुलाई को होने वाली बैठक में उन पर निर्णय लिए जाने की उम्मीद है।

पुलिस सूत्रों के अनुसार, मामले में नकद बरामदगी में शुक्ला से 20.39 लाख रुपये, करुणेश पांडे से 18.07 लाख रुपये, अनुकल्प मिश्रा से 16.82 लाख रुपये, लवकुश मिश्रा से 14.25 लाख रुपये, रमाशंकर मिश्रा से 7.32 लाख रुपये और रमाशंकर यादव उर्फ टीनू से एक लाख रुपये शामिल हैं।

पुलिस ने जांच के दौरान करीब 11 ग्राम सोना, करीब 375 ग्राम चांदी और 1,121 अमेरिकी डॉलर भी बरामद किए हैं. सूत्रों ने बताया कि जांचकर्ताओं ने अयोध्या के एक योग केंद्र से पेटीएम क्यूआर कोड वाला “रामराज्य कोष” लेबल वाला एक दान बॉक्स भी जब्त किया, जहां शुक्ला कथित तौर पर लगभग एक दशक से रह रहे थे।

इस बीच, बागेश्वर धाम के प्रमुख आचार्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने शुक्रवार को जांच पर भरोसा जताया और कहा कि कथित गबन के लिए जिम्मेदार लोगों को सजा मिलेगी।

उन्होंने संवाददाताओं से कहा भगवान दोषियों को सजा देंगे। हमें देश की कानून व्यवस्था और एसआईटी पर पूरा भरोसा है।”

उन्होंने कहा, “वर्तमान युग केवल कलयुग का युग नहीं है; यह ‘छलयुग’ (छलयुग) का युग है। धोखे के इस युग में सतर्क रहना जरूरी है। वर्तमान समय में संतों, महंतों, मठों और मंदिरों को योजनाबद्ध तरीके से निशाना बनाया जा रहा है। जिसने भी यह पाप किया है उसे भगवान भी सजा देंगे और एसआईटी, देश का कानून और सरकार भी उन्हें सजा देगी।”

राम मंदिर में दान के कथित गबन का मामला सात जून को सामने आया था। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित एसआईटी की प्रारंभिक रिपोर्ट के आधार पर 25 जून को एक प्राथमिकी दर्ज की गई थी। मंदिर के दान-गणना प्रक्रिया से जुड़े आठ लोगों को अब तक गिरफ्तार किया जा चुका है और जांच जारी है।

Pic Credit : ANI


Previous News Next News

More News

प्रहलाद जोशी के जरिए बड़ा संदेश

July 29, 2026

ऐसी चर्चा थी कि धर्मेंद्र प्रधान शिक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा देंगे तो डॉक्टर जितेंद्र सिंह को उनकी जगह शिक्षा का प्रभार दिया जाएगा। यह अंदाजा इस बात से लगाया जा रहा था कि कॉकरोच जनता पार्टी के आंदोलन के दौरान वे सक्रिय भूमिका निभा रहे थे। प्रधानमंत्री आवास के सामने राहुल गांधी के…

अब ई-20 पार्टी बन कर तैयार है

July 29, 2026

सरकार अभी कॉकरोच जनता पार्टी के आंदोलन से मिले जख्मों को सहला ही रही है कि इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल यानी ई-20 पेट्रोल के खिलाफ आंदोलन की तैयारी शुरू हो गई है। इसके लिए ई-20 पार्टी का गठन हो गया है। इस पार्टी को सोशल मीडिया में पर्याप्त समर्थन भी मिल रहा है। कॉकरोच जनता पार्टी…

क्या दिपके राजनीतिक पार्टी बनाएंगे?

July 29, 2026

अभिजीत दिपके और उनके नजदीकी लोग जैसे आशुतोष रांका और सौरव दास दावा कर रहे हैं कि अभी राजनीतिक पार्टी बनाने का कोई इरादा नहीं है और न चुनाव लड़ना है। लेकिन असल में दिपके और उनकी टीम राजनीतिक दल बनाएंगे। ध्यान रहे भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन के समय इंडिया अगेंस्ट करप्शन के लोग खास कर…

पीके से पूरा एनडीए लड़ रहा है

July 29, 2026

बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट का उपचुनाव भाजपा के लिए दुःस्वप्न साबित हो रहा है। भाजपा के कई नेता कह रहे हैं कि नितिन नबीन को सीट से इस्तीफा नहीं देना चाहिए थे। गौरतलब है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष होने के बाद वे राज्यसभा चले गए और उन्होंने बांकीपुर सीट से इस्तीफा दे दिया। इसकी वजह…

कॉकरोच: एक शब्द का बल

July 29, 2026

द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान ब्रिटिश प्रधानमंत्री विंस्टन चर्चिल ने दिया था। उन के शब्दों ने हिटलर के सामने पस्त हो रहे इंग्लैंड को बल दिया। इस हद तक कि कई यूरोपीय देशों को टिके रह कर लड़ने का हौसला मिला।…. चर्चिल ने अंग्रेजी भाषा को बुलाया और उसे युद्धभूमि में उतार दिया।” आज कम…

logo