चेन्नई। तमिलनाडु में फिल्म स्टार विजय की पार्टी टीवीके ने पहले ही चुनाव में 107 सीटें जीतीं और कांग्रेस, लेफ्ट जैसी पार्टियों के समर्थन से सरकार बनाई। सरकार बने अभी दो महीने नहीं हुए हैं और विजय की पार्टी ने आरोप लगाया है कि उसकी सरकार गिराने की साजिश की जा रही है। पार्टी के एक विधायक ने कहा है कि उसे 35 करोड़ रुपए देने का लालच दिया गया है। टीवीके विधायक ने डीएमके प्रमुख एमके स्टालिन के करीबी नेता और पूर्व मंत्री सेंथिल बालाजी का नाम लेकर यह आरोप लगाया है।
राज्य के खुफिया विभाग ने इस मामले की जांच की है और कहा है कि इस योजना को समय रहते नाकाम कर दिया गया। इस बीच विजय की पार्टी के जानकार सूत्रों ने कहा है कि साजिश के तहत टीवीके के 15 विधायकों से एक साथ इस्तीफा दिलाकर सरकार को संकट में डालने की तैयारी थी। दूसरी ओर टीवीके विधायक डॉ. एन इलैयाराजा ने आरोप लगाया कि उन्हें स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव में वोट देने के बदले 35 करोड़ रुपए की रिश्वत की पेशकश की गई। शिकायत के बाद पुलिस और खुफिया एजेंसियों ने जांच शुरू की। पुलिस और खुफिया विभाग ने चेन्नई की एक कंसल्टेंसी फर्म से जुड़े तीन लोगों तिरुनावुक्करासु, नरेष और त्यागराजन को गिरफ्तार किया। जांच में उनके डीएमके विधायक सेंथिल बालाजी से संबंध होने की जानकारी मिली है।
तमिलनाडु के मंत्री सीटी निर्मल कुमार ने डीएमके पर अन्ना डीएमके प्रमुख ई पलानीस्वामी के साथ मिल कर विजय के नेतृत्व वाली सरकार को गिराने की साजिश रचने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि टीवीके के कई विधायकों को दलबदल के लिए पैसे की पेशकश की गई है। उन्होंने कहा, ‘ई पलानीस्वामी और अन्य लोग गुपचुप तरीकों से सरकार बनाने की कोशिश कर रहे थे। आज हम उसका नतीजा देख रहे हैं। एमके स्टालिन और उदयनिधि के इशारे पर काम करते हुए सेंथिल बालाजी जैसे डीएमके के प्रमुख नेता हमारे कई विधायकों से संपर्क कर रहे हैं। वे उन्हें 20 करोड़ से 50 करोड़ रुपए तक की पेशकश कर रहे हैं। हमारा ऐसा कोई विधायक नहीं है, जिससे उन्होंने संपर्क न किया हो’।
