अमेरिकी शर्तों पर खत्म होगा युद्ध

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नई दिल्ली। ईरान पर हमले के तीसरे दिन अमेरिका के रक्षा और युद्ध मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा है कि अमेरिका की शर्तों पर युद्ध खत्म होगा। अमेरिका की क्या शर्तें होंगी, यह उन्होंने नहीं बताया लेकिन रक्षा मुख्यालय पेंटागन की प्रेस ब्रीफिंग में हेगसेथ ने कहा कि ‘अमेरिका फर्स्ट’ की शर्त पर युद्ध खत्म होगा। उन्होंने कहा कि यह युद्ध अमेरिका ने नहीं शुरू किया है लेकिन खत्म अमेरिका करेगा। हेगसेथ ने यह भी कहा कि यह इराक नहीं है। यहां अंतहीन युद्ध नहीं चलेगा। गौरतलब है कि इससे पहले राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था कि युद्ध चार हफ्ते में खत्म हो सकता है।

पेंटागन में अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा कि जिस शासन ने ‘अमेरिका मुर्दाबाद’ और ‘इजरायल मुर्दाबाद’ के नारे लगाए थे, आखिरकार उसे अमेरिका और इजरायल से मौत का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा, ‘राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के आदेश पर डिपार्टमेंट ऑफ वॉर ने ऑपरेशन ‘एपिक फ्यूरी’ शुरू किया, जो इतिहास का सबसे खतरनाक, सबसे मुश्किल और सबसे सटीक हवाई ऑपरेशन था। हेगसेथ ने दावा किया कि 47 साल से तेहरान में इस्लामिक सरकार ने अमेरिका के खिलाफ एक खतरनाक एकतरफा जंग छेड़ी हुई है।

पीट हेगसेथ ने ईरान पर हमला बोलते हुए कहा, ‘उन्होंने हमारे लोगों का खून किया, बेरूत में कार बम विस्फोट किया, हमारे जहाजों पर रॉकेट हमले किए, हमारे दूतावासों पर हत्याएं कीं, इराक और अफगानिस्तान में बम फेंके, जिसे ईरानी कुद्स फोर्स और आईआरजीसी के हत्यारों ने फंड और हथियार दिए थे’। उन्होंने कहा, ‘हमने यह लड़ाई शुरू नहीं की, लेकिन राष्ट्रपति ट्रंप के नेतृत्व में हम इसे खत्म करेंगे। अमेरिकियों के खिलाफ उनकी लड़ाई उनके अयातुल्लाह के खिलाफ हमारा बदला बन गई है’।

हेगसेथ ने कहा, ‘अगर आप अमेरिकियों को मारते हैं, अगर आप दुनिया में कहीं भी अमेरिकियों को धमकाते हैं तो हम बिना किसी माफी और बिना किसी हिचकिचाहट के आपका पीछा करेंगे और आपको मार डालेंगे’। उन्होंने कहा, ‘ईरान जैसी पागल सरकारें, जो इस्लाम की गलतफहमियों पर तुली हुई हैं, उनके पास परमाणु हथियार नहीं हो सकते। कई लोगों ने ऐसा कहा लेकिन इसे अमल में लाने के लिए हिम्मत चाहिए और हमारे राष्ट्रपति में हिम्मत है’। उन्होंने अमेरिका और इजराइल के हमले को ‘स्पष्ट विध्वंसक और निर्णायक अभियान’ बताया। हेगसेथ ने कहा कि ईरान की मिसाइल चेतावनी और ब्लैकमेल करने की उसकी क्षमता को खत्म किया जा रहा है। उन्होंने राष्ट्रपति ट्रंप की बात दोहराते हुए कहा कि अब ईरान के लोगों का समय है। उन्हें आगे बढ़ कर सत्ता बदलनी चाहिए।


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