ट्रंप का प्ले-बुक

ट्रंप मोदी की खूब तारीफ करते हैं। उन्हें ‘महान नेता’, ‘बहुत करीबी दोस्त’, ‘शानदार काम कर रहे नेता’ बताते हैं। लेकिन लगे हाथ वे ऐसे फैसले भी कर रहे हैं, जिनसे भारत के दीर्घकालिक हितों को क्षति पहुंच रही है। डॉनल्ड ट्रंप प्रशासन के नीतिकार संभवतः इस निष्कर्ष पर हैं कि भारतीय विदेश नीति का… Continue reading ट्रंप का प्ले-बुक

इस ओर रखें नज़र

समझौते का यह प्रावधान खास चिंता का विषय है कि सऊदी अरब या पाकिस्तान में किसी एक पर हमला हुआ, तो दूसरा देश उसे खुद पर हमला मानेगा। इस प्रावधान के तहत दोनों देश एक दूसरे के यहां अपने हथियार तैनात कर सकेंगे। सऊदी अरब और पाकिस्तान के बीच हुए ‘रणनीतिक पारस्परिक रक्षा समझौते’ पर… Continue reading इस ओर रखें नज़र

गणितज्ञों की बात सुनें

यूजीसी को सौंपे गए 900 से अधिक गणितज्ञों के पत्र का सार हैः ‘गणित में शानदार प्रदर्शन की विरासत रखने वाले इस देश में पाठ्यक्रम ऐसा होना चाहिए, जो समकालीन दुनिया के तकाजों को पूरा करने के लिए छात्रों को तैयार करे।’ नौ सौ से ज्यादा प्रतिष्ठित गणितज्ञों ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग से अंडर ग्रैजुएट… Continue reading गणितज्ञों की बात सुनें

‘सकारात्मक और अग्र-द्रष्टा’?

व्यापार वार्ता के ताजा दौर के बाद जारी बयान से यह जाहिर नहीं होता कि अमेरिका ने जो शर्तें लगाई हैं और भारत ने अपनी जो लक्ष्मण रेखा बता रखी है, क्या उन पर दोनों देश अपना रुख नरम करने को तैयार हैं? प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप की कथित ‘दोस्ती’ में… Continue reading ‘सकारात्मक और अग्र-द्रष्टा’?

दो पाटन के बीच

यह निर्विवाद है कि अस्पतालों और बीमा कंपनियों के बीच की खींचतान ने उन मध्यवर्गीय लोगों की इलाज संबंधी आश्वस्ति छीन ली है, जिनके लिए निरंतर निजीकरण का शिकार हुए हेल्थ सेक्टर में बीमा पॉलिसी की एकमात्र सहारा है। कई बड़े अस्पतालों और कुछ बीमा कंपनियों के बीच छिड़े हालिया विवाद ने मेडिकल बीमा के… Continue reading दो पाटन के बीच

निर्यात की कमजोर जड़ें

अगस्त में निर्यात की सूरत अपेक्षा से बेहतर रही। इसमें 6.7 प्रतिशत की वृद्धि हुई। मगर आयात में 10.1 फीसदी की गिरावट दर्ज हुई। इससे आशंका गहराई है कि अमेरिकी टैरिफ का पूरा असर अभी जाहिर नहीं हुआ है। यह अच्छी खबर है कि अगस्त में भारत का वस्तु निर्यात 6.7 प्रतिशत बढ़ा। इस महीने… Continue reading निर्यात की कमजोर जड़ें

बम का जवाब बोली

इस्लामी नेताओं के बयानों को इजराइल ठेंगे पर रखता है। संभवतः इसे दिखाने के लिए ही उसने सोमवार को गजा में भयंकर बमबारी की। साथ ही गजा पर कब्जा करने के लिए जमीनी हमले की शुरुआत उसने कर दी। कतर की राजधानी दोहा पर नौ सितंबर को हुए इजराइली हमले पर विरोध जताने के लिए… Continue reading बम का जवाब बोली

रोज नए- नए तीर!

ट्रेड डील भारत की भी जरूरत है। इसलिए आयात शुल्कों में कुछ समायोजन करना पड़े, तो उसके लिए भारत को हमेशा तैयार करना चाहिए। मगर ट्रंप प्रशासन की बेज़ा मांगों और बेतुकी बातों को सिरे से ठुकरा दिया जाना चाहिए। अमेरिकी वाणिज्य मंत्री हॉवर्ड लुटनिक ने भारत पर नया तीर चलाया है। यह बेतुकी दलील… Continue reading रोज नए- नए तीर!

फिर भी चक्का जाम!

मंत्रियों और सरकार समर्थक विश्लेषकों के मुताबिक यह नए निवेश के लिए आदर्श समय है। मगर हकीकत यह है कि अब तक निवेश- उत्पादन- रोजगार सृजन- उपभोग एवं वृद्धि और उससे प्रेरित नए निवेश का चक्का हिला तक नहीं है। संभव है कि नरेंद्र मोदी सरकार के अंदर सचमुच यह समझ हो कि अर्थव्यवस्था में… Continue reading फिर भी चक्का जाम!

अब निर्माण का वक्त

नेपाल में अब चुनौती राजनीतिक व्यवस्था के नव-निर्माण के साथ-साथ वैसे आर्थिक कार्यक्रम तय करने की भी है, जिससे नौजवानों को वैसी अवसरहीनता और हताशा से उबारा जा सके, जो हालिया भूकंपीय घटनाक्रम की जड़ में रही हैं। आम जन के मन में बैठे गुबार के विस्फोट से सत्ता तंत्र के उड़े परखचे अभी भी… Continue reading अब निर्माण का वक्त

logo