ऐसे सारे निर्णय बिना किसी सार्वजनिक बहस के लिए जा रहे हैं। अतः इस अंदेशे में दम है कि भारत को एक ऐसे समाज में बदला जा रहा है, जहां व्यक्ति की प्राइवेसी के लिए कोई जगह नहीं छोड़ी जाएगी। हर स्मार्टफोन सेट में संचार साथी ऐप डालने के केंद्र के निर्देश पर जागरूक तबकों… Continue reading गले पड़ा एक ‘साथी’
