नेपाल के पूर्व पीएम ओली हारे, करीब 50 हजार मतों से बालेन शाह ने दी मात

Categorized as समाचार

नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली झापा-5 सीट से हार गए हैं। राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (आरएसपी) के पूर्व मेयर और रैपर बालेन शाह ने उन्हें करीब 50 हजार मतों से परास्त किया। मतगणना जारी है और 165 सीटों पर शुरुआती रुझानों में आरएसपी जबरदस्त जीत की ओर अग्रसर है। नेपाल के निर्वाचन आयोग ने ये परिणाम घोषित किया है।

राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (आरएसपी) के बालेन शाह और सीपीएन-यूएमएल के चेयरमैन ओली झापा-5 सीट से चुनाव लड़ रहे थे। यहां बालेन शाह को 68,348 वोट मिले, जबकि केपी शर्मा ओली को 18,734 वोट मिले। इस तरह शाह ने कुल 49,614 वोटों से हराकर बड़ी जीत हासिल की है। इसी सीट से 2017 और 2022 में उन्होंने सफलता अर्जित की थी।

द काठमांडू पोस्ट के अनुसार, शाह की जीत ने पूरे देश का ध्यान खींचा है, क्योंकि आरएसपी ने पहले ही उन्हें पार्टी का प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित किया था।

Also Read : दुबई एयरपोर्ट पर हवाई उड़ानें आंशिक रूप से बहाल

आरएसपी के वरिष्ठ नेता शाह ने ओली के खिलाफ चुनाव लड़ा। ओली ने 2022 के चुनाव में नेपाली कांग्रेस के खगेंद्र अधिकारी को 28,576 वोटों के अंतर से हराया था।

मई 2022 से काठमांडू मेट्रोपॉलिटन सिटी के पूर्व मेयर रहे बालेन, जनवरी 2026 में इस्तीफा देकर राष्ट्रीय राजनीति में आए। काठमांडू के नरदेवी में एक मधेसी परिवार में जन्मे शाह, स्वर्गीय राम नारायण शाह के बेटे हैं, जो एक जाने-माने आयुर्वेदिक चिकित्सक थे।

राष्ट्रीय राजनीति में आने से पहले, शाह 2015 के गोरखा भूकंप के बाद बचाव कार्यों में सक्रिय थे। एक जाने-माने रैपर, गीतकार और म्यूजिक प्रोड्यूसर के तौर पर 2012 में उन्होंने अपना म्यूजिक करियर शुरू किया था।

शुरू में बिबेकशील पार्टी के साथ जुड़े शाह ने 2022 काठमांडू मेयर का चुनाव एक स्वतंत्र उम्मीदवार के रूप में जीता और बाद में 2025 के आखिर में आरएसपी में शामिल हो गए। 2026 के आम चुनावों में कैंपेन का नेतृत्व किया और खुद को नेपाल के प्रधानमंत्री पद के लिए एक प्रमुख दावेदार के रूप में स्थापित किया।

Pic Credit : ANI


Previous News Next News

More News

रूबियो की नजर में भारत सूडान जैसा!

September 27, 2026

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन के अधिकारी भारत को क्या समझते हैं, यह धीरे धीरे और स्पष्ट होता जा रहा है। ट्रंप ने खुद जिस तरह से चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग का स्वागत किया है और विवाद के मुद्दों को किनारे करके उनके साथ दोस्ती बढ़ाई है वह भारत के लिए अलग चिंता का…

अमेरिकी दबाव में आतंकवादी छोड़े!

September 27, 2026

एक जाने माने सामरिक विशेषज्ञ ने भारत को ‘पेरेनियल सॉफ्ट स्टेट’ यानी ‘चिरंतन नरम देश’ कहा है। पंडित नेहरू के समय से भारत को सॉफ्ट स्टेट माना जाता है। भारत की नीतियां कभी भी टकराव और हमले वाली नहीं रही हैं। इसकी जड़ें भारत के सनातन इतिहास में खोजी जाती हैं और बड़े गर्व से…

मंगल पांडेय और मालवीय एडजस्ट किए गए

September 27, 2026

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन की टीम की घोषणा हुई तो उसमें चौंकाने वाली बातें बहुत कम थी। लेकिन दो नेताओं को टीम से बाहर कर दिए जाने पर सबसे ज्यादा चर्चा हुई थी। भाजपा की बदनाम आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय को हटा दिया गया था और आईटी सेल का नाम बदल…

शाह और योगी में सब ठीक है

September 27, 2026

शुक्रवार को दिल्ली से सटे नोएडा की एक तस्वीर सोशल मीडिया में वायरल हुई। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के करीबी और उनके लिए काम करने वाले इकोसिस्टम ने इसे सोशल मीडिया में बहुत बड़ा मुद्दा बना दिया। तस्वीर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की थी। मौका था नोएडा में…

लोजपा के बाद जदयू ने बनाया दबाव

September 27, 2026

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी की बिहार की सहयोगी पार्टियां भाजपा पर दबाव बना रही हैं। पहले केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान की पार्टी लोजपा ने उत्तर प्रदेश में चुनाव लड़ने का ऐलान किया तो अब नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यू ने कहा है कि वह भी उत्तर प्रदेश में…

logo