बेंगलुरू। कर्नाटक में मुख्यमंत्री पद का विवाद जारी है। कांग्रेस सरकार के ढाई साल पूरे हो जाने के बाद उप मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार चाहते हैं कि सिद्धारमैया की जगह उनको सीएम बनाया जाए। इस सिलसिले में दोनों नेताओं की दिल्ली में राहुल गांधी से जनवरी के पहले हफ्ते में मुलाकात होनी थी। लेकिन दिल्ली की बजाय मैसुरू में दोनों राहुल गांधी से मिले। राहुल तमिलनाडु के नीलगिरी जाने के क्रम में मैसुरू रूके थे, जहां उन्होंने सिद्धारमैया और शिवकुमार से मुलाकात की। इसके बावजूद दोनों के बीच विवाद जारी है।
जानकार सूत्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने राहुल गांधी से दो टूक अंदाज में कहा कि उनको मुख्यमंत्री पद पर फैसला कर देना चाहिए। बताया जा रहा है कि सिद्धारमैया और डीके शिवकुमार की मौजूदगी में राहुल के सामने नेतृत्व का मुद्दा उठा। खबरों के मुताबिक सिद्धारमैया ने कहा है कि वह कैबिनेट विस्तार करना चाहते हैं, लेकिन कर्नाटक सीएम के पद को लेकर हर दिन भ्रम की स्थिति बन रही है। ऐसे में राहुल गांधी को स्थिति स्पष्ट कर देनी चाहिए।
इस मुलाकात और सिद्धारमैया के तेवर के बाद बुधवार को उप मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, ‘भले ही कोशिश नाकाम हो जाए, लेकिन प्रार्थना नाकाम नहीं होती’। उनकी इस पोस्ट को राजनीति के हिसाब से देखा जा रहा है। गौरतलब है कि, कांग्रेस नेता राहुल गांधी 13 जनवरी को मैसुरु पहुंचे थे। इस दौरान एयरपोर्ट पर दोनं नेताओं से उनकी बातचीत हुई।
