बड़े आतंकी मॉड्यूल का खुलासा

Categorized as समाचार

नई दिल्ली/श्रीनगर। जम्मू कश्मीर और हरियाणा पुलिस ने एक बड़े आतंकी म़ॉड्यूल का खुलासा किया है। इसके तार जम्मू कश्मीर से लेकर दिल्ली से सटे फरीदाबाद और उत्तर प्रदेश के लखनऊ व सहारनपुर से जुड़े हैं। जम्मू कश्मीर में इस नेटवर्क से जुड़े आतंकियों के यहां से 29 सौ किलो विस्फोटक बरामद हुआ है। इसी क्रम में हरियाणा के फरीदाबाद में एक डॉक्टर के घर से 360 किलो विस्फोटक, संदिग्ध अमोनियम नाइट्रेट बरामद किया गया है। इसके साथ ही असॉल्ट राइफल और कारतूस भी मिले हैं।

जम्मू कश्मीर पुलिस ने छापा मार कर डॉक्टर मुजम्मिल शकील को गिरफ्तार किया। यह डॉक्टर फरीदाबाद की अलफलाह यूनिवर्सिटी में पढ़ाता था। यह पुलवामा के कोइल का रहने वाला है। जम्मू कश्मीर पुलिस ने लखनऊ से भी एक महिला डॉक्टर शाहीन शाहिद को गिरफ्तार किया है। शाहीन डॉक्टर मुजम्मिल शकील की गर्लफ्रेंड है।

बताया गया है कि मुजम्मिल, डॉक्टर शाहीन की कार इस्तेमाल करता था। शाहीन की कार से ही रविवार को कश्मीर में एके 47 राइफल, जिंदा कारतूस और अन्य संदिग्ध सामग्री बरामद हुई थी। इससे पहले सात नवंबर को जम्मू कश्मीर पुलिस ने उत्तर प्रदेश के सहारनपुर से डॉ. आदिल अहमद को गिरफ्तार किया था। वह कश्मीर के अनंतनाग का रहने वाला है। आदिल अनंतनाग के सरकारी मेडिकल कॉलेज, जीएमसी में प्रैक्टिस करता था। 2024 में उसने वहां से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद वह सहारनपुर में प्रैक्टिस करने लगा।

बताया गया है कि डॉ. मुजम्मिल ने फरीदाबाद के धौज गांव में तीन महीने पहले किराए पर कमरा लिया था। हालांकि वह यहां रहता नहीं था, सिर्फ सामान रखने के लिए कमरे का इस्तेमाल करता था। जम्मू कश्मीर पुलिस ने कहा कि गिरफ्तार आतंकियों के पास से अब तक कुल 29 सौ किलो आईईडी बनाने की सामग्री बरामद की गई है। पुलिस ने बताया कि यह मॉड्यूल जैश ए मोहम्मद और अंसर गजवात उल हिंद जैसे प्रतिबंधित संगठनों से जुड़ा हुआ था। पुलिस ने बताया कि ये आरोपी विदेशी हैंडलर्स के निर्देश पर काम करते थे और सोशल मीडिया व एन्क्रिप्टेड चैनलों के जरिए आतंकी गतिविधियों को अंजाम देते थे।

पूरे मामले की जानकारी देते हुए फरीदाबाद के पुलिस कमिश्नर सतेंद्र कुमार गुप्ता ने बताया कि पिछले करीब 15 दिनों से हरियाणा और जम्मू कश्मीर पुलिस का एक साझा अभियान चल रहा था। वह अब भी जारी है। इसके तहत  एंटी टेरर मॉड्यूल पर काम करते हुए दोनों राज्यों की पुलिस ने फरीदाबाद से एक व्यक्ति को पकड़ा था, जिसका नाम डॉक्टर मुजम्मिल शकील है। उसके कमरे से 360 किलो विस्फोटक बरामद की गई। ऊसके पास के असॉल्ट राइफल, गोलियां और बहुत सी चीजें बरामद हुईं। उन्होंने कहा कि पुलिस की जांच अभी चल रही है।


Previous News Next News

More News

ईरान खोलेगा होर्मुज जलडमरूमध्य

June 15, 2026

तेहरान/वाशिंगटन। ईरान और अमेरिका के बीच प्रस्तावित समझौता ज्ञापन (एमओयू) के अंतिम मसौदे में होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने, ईरानी तेल निर्यात पर प्रतिबंधों में आंशिक ढील, जब्त ईरानी धन की वापसी और परमाणु कार्यक्रम पर नियंत्रण बनाए रखने जैसे महत्वपूर्ण प्रावधान शामिल किए गए हैं। यह जानकारी एक वरिष्ठ ईरानी अधिकारी ने दी।…

नीस में मोदी-मैक्रों की अहम वार्ता

June 15, 2026

नीस (फ्रांस)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने रविवार को नीस में द्विपक्षीय बैठक कर कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), स्टार्टअप, व्यापार, निवेश, बुनियादी ढांचा, स्वास्थ्य और रणनीतिक सहयोग सहित कई क्षेत्रों में साझेदारी को आगे बढ़ाने पर चर्चा की। विदेश मंत्रालय के अनुसार दोनों नेताओं ने भारत-फ्रांस विशेष वैश्विक रणनीतिक साझेदारी की…

राहुल का मोदी पर तीखा हमला

June 15, 2026

नई दिल्ली। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने अमेरिकी हमलों में भारतीय नागरिकों की मौत और उसके बाद अमेरिका की ओर से दिए गए बयानों को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर तीखा हमला किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार भारत के सम्मान और नागरिकों की सुरक्षा के मुद्दे पर चुप्पी साधे हुए है। राहुल गांधी…

सीजेपी का हैदराबाद में प्रदर्शन

June 15, 2026

हैदराबाद। राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) प्रश्नपत्र लीक और सीबीएसई की ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रणाली में कथित अनियमितताओं के विरोध में रविवार को हैदराबाद में प्रदर्शन हुआ। ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (सीजेपी) और अन्य संगठनों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए धरना चौक पर प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में जुटे…

रूस–यूक्रेन युद्ध 1,566 दिनों पार, दुनिया युद्ध खत्म कराना भूल गई!

June 15, 2026

यूक्रेन का युद्ध अब पहले महायु्द्ध से लंबा हो चुका है। यह तुलना केवल दिनों की संख्या के कारण चौंकाने वाली नहीं है। प्रथम विश्वयुद्ध 1,566 दिनों तक चला था और उसने बीसवीं सदी की दिशा बदली थी। साम्राज्य टूटे, सीमाएँ बदलीं और अंततः एक ऐसी शांति व्यवस्था बनी, जो चाहे जितनी त्रुटिपूर्ण रही हो,…

logo