केरल चुनाव: यूडीएफ ने जारी किया घोषणापत्र

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केरल विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस नेतृत्व वाले यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) ने गुरुवार को अपना घोषणापत्र जारी किया। कोच्चि में आयोजित कार्यक्रम में तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने इस दस्तावेज को जारी किया, जहां गठबंधन के कई वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहे। यह मेनिफेस्टो साफ तौर पर चुनाव में मजबूत दावेदारी का संकेत देता है। 

केरल में 9 अप्रैल को 140 सीटों के लिए मतदान होना है। ऐसे में यूडीएफ ने विकास और जनकल्याण दोनों को ध्यान में रखते हुए अपनी रणनीति तैयार की है।

मेनिफेस्टो का सबसे बड़ा आकर्षण ‘मिशन समुद्र’ है। यह एक महत्वाकांक्षी योजना है, जिसका उद्देश्य केरल को एक वैश्विक समुद्री हब बनाना है। राज्य की 600 किलोमीटर लंबी तटरेखा, 44 नदियों और बंदरगाहों के नेटवर्क का उपयोग कर जल परिवहन को बढ़ावा दिया जाएगा। इस योजना के तहत कार्गो, यात्री सेवाएं और पर्यटन को जोड़ते हुए एक मजबूत तटीय लॉजिस्टिक्स सिस्टम तैयार किया जाएगा।

इसके साथ ही यूडीएफ ने एविएशन सेक्टर में भी बड़े विस्तार का प्लान पेश किया है। इसमें एयरपोर्ट रनवे और टर्मिनल का विस्तार, मेंटेनेंस-रिपेयर हब (एमआरओ), लॉजिस्टिक्स पार्क और नई उड़ानों को बढ़ावा देने जैसी योजनाएं शामिल हैं।

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रोजगार और उद्यमिता पर भी खास फोकस रखा गया है। मेनिफेस्टो में वादा किया गया है कि 10,000 एमएसएमई यूनिट्स को 100 करोड़ रुपए से अधिक वार्षिक टर्नओवर तक पहुंचाने में मदद दी जाएगी। इसके लिए रिवॉल्विंग फंड, टेक्नोलॉजी फंड और वेंचर सपोर्ट जैसे वित्तीय साधन उपलब्ध कराए जाएंगे। साथ ही ‘जॉब वॉच टावर’ बनाया जाएगा, जो वैश्विक रोजगार रुझानों पर नजर रखेगा और शिक्षा को उसी हिसाब से ढालेगा।

वेलफेयर के मोर्चे पर यूडीएफ ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन 3,000 रुपए करने का वादा किया है। इसके अलावा करुण्य बेनेवोलेंट फंड को फिर से शुरू करने, सस्ती राशन व्यवस्था को बढ़ाने और ‘इंदिरा कैंटीन’ जैसी योजनाएं लाने की बात कही गई है, ताकि लोगों को सस्ता भोजन मिल सके। करुण्य बेनेवोलेंट फंड के तहत जरूरतमंदों को कैंसर समेत गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए वित्तीय सहायता मुहैया कराई जाती है। 

युवाओं और महिलाओं के लिए भी खास योजनाएं बनाई गई हैं। कुल योजना बजट का 5 प्रतिशत युवाओं की पहल के लिए रखा जाएगा और महिलाओं के रोजगार व सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

स्वास्थ्य और शिक्षा क्षेत्र में भी कई बड़े वादे किए गए हैं। गरीब परिवारों के लिए मुफ्त डायलिसिस, नए मेडिकल कॉलेज, स्वास्थ्य खर्च कम करने के उपाय और शिक्षा में एंटी-रैगिंग कानून, छात्र एक्सचेंज प्रोग्राम और देश-विदेश में पढ़ाई के लिए स्कॉलरशिप शामिल हैं।

किसानों और मछुआरों के लिए भी विशेष प्रावधान किए गए हैं, जैसे उचित मूल्य, रबर के लिए समर्थन मूल्य, मछुआरों को डीजल सब्सिडी और उनके अधिकारों को कानूनी सुरक्षा।

विपक्ष के नेता वीडी सतीशन ने कहा कि अगर यूडीएफ सरकार बनती है, तो हर महीने बैठक कर मेनिफेस्टो के वादों की समीक्षा की जाएगी।

Pic Credit : ANI


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