तमिलनाडु का चुनावी स्पेस फिल्म स्टार विजय ने बहुत दिलचस्प बना दिया है। राज्य में विपक्षी पार्टी अन्ना डीएमके से ज्यादा राजनीति उसकी सहयोगी भारतीय जनता पार्टी कर रही है और इन दोनों से ज्यादा राजनीति विजय कर रहे हैं। विजय अप्रैल में होने वाले विधानसभा चुनाव को डीएमके बनाम टीवीके बनाने में लगे हैं। तभी दोनों पार्टियों के बीच तलवार खींची है और दोनों के नेता एक दूसरे के खिलाफ खूब मुखर हैं। अब दोनों के बीच फिल्मी मुकाबला भी होने जा रहे हैं। पोंगल के मौके पर विजय की फिल्म और स्टालिन के परिवार की ओर से बनवाई गई दूसरी फिल्म का मुकाबला होगा। विजय की फिल्म नौ जनवरी को रिलीज हो रही है तो स्टालिन के परिवार की फिल्म 10 जनवरी को।
विजय की फिल्म का ‘जन नायगन’ है। जाहिर है फिल्म उनको जन नायक दिखाने वाली है। कहा जा रहा है कि यह उनकी आखिरी फिल्म है और अब वे पूरी तरह से राजनीति करेंगे। उन्होंने खुद ही मलेशिया में फिल्म का संगीत रिलीज करते समय यह बात कही। उनके समर्थक फिल्म को सुपर डुपर हिट कराने की तैयारी में लगे हैं तो दूसरी ओर 10 जनवरी को ‘पराशक्ति’ रिलीज होगी, जिसे लेकर डीएमके कैडर पूरी ताकत लगा रहा है। यह फिल्म स्टालिन के परिवार की ओर से बनवाई गई है, जिसकी कहानी 1960 के दशक के हिंदी विरोधी आंदोलन के समय की है। इसमें हिंदी विरोध और द्रविड राजनीति को मजबूत होते दिखाया गया है। फिल्म में दिखाया गया है कि हिंदी को पूरे देश की एकमात्र भाषा बनाने का फैसला हो गया है और तमिलनाडु में उसका विरोध हो रहा है। चुनाव से पहले दोनों पार्टियां फिल्म के जरिए अपना अपना नैरेटिव बनाने में जुट गई हैं।
