राजभवन का नाम लोकभवन करने से क्या होगा?

Categorized as राजनीति

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले सभी पार्टियां कुछ न कुछ ऐसा कर रही हैं, जिससे मीडिया का फोकस उनकी तरफ हो। सब अपना अपना एजेंडा स्थापित करना चाहते हैं। इसी बीच राजभवन ने भी एक फैसला किया है। अब कोलकाता में राजभवन को लोकभवन कहा जाएगा। राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने इसकी घोषणा की है। ध्यान रहे पिछले कई सालों से पश्चिम बंगाल में राज्यपालों द्वारा राजभवन को एक सामानांतर शक्ति केंद्र बनाने का प्रयास हो रहा है। मुख्यमंत्री सचिवालय नबन्ना के बरक्स राजभवन को एक केंद्र बनाया जा रहा है। ऐसा संदेश दिया जा रहा है कि बंगाल के लोग अपनी शिकायत राज्यपाल को भी कर सकते हैं।

ऐसा लग रहा है कि इसी प्रयास के तहत राजभवन का नाम लोकभवन किया गया है। हालांकि कई जानकार यह भी बता रहे हैं कि जैसे दिल्ली में राजपथ को कर्तव्य पथ किया गया या रेसकोर्स रोड को लोक कल्याण मार्ग किया गया उसी तर्ज पर राजभवन को लोकभवन किया गया है। लेकिन यह मामला इतना सीधा नहीं है। असल में पश्चिम बंगाल के लोगों को, जिसमें ‘भद्रलोक’ और ‘छोटोलोक’ दोनों शामिल हैं, उनको यह मैसेज दिया गया है कि जनता के लिए एक उम्मीद का केंद्र राजभवन भी है। ध्यान रहे राज्य के अलग अलग हिस्सों में होने वाली छोटी बड़ी घटनाओं में राज्यपाल जितने सक्रिय तरीके से शामिल होते हैं और सरकार से सवाल पूछते हैं उस प्रवृत्ति का विस्तार इस नए बदलाव में दिख रहा है। देखना है कि चुनाव में बंगाल के लोग इससे प्रभावित होते हैं या नहीं।


Previous News Next News

More News

नए युग के द्वार पर खड़ी है दुनिया

April 19, 2026

तेल और गैस की कीमतें विश्व बाजार से जुड़ी हुई हैं। अमेरिका में तेल और गैस का स्वामित्व निजी क्षेत्र की कंपनियों के पास है। अतः आपूर्ति घटने की स्थिति में उनका मुनाफा तो बढ़ेगा, लेकिन ऐसा आम अमेरिकी उपभोक्ता की कीमत पर होगा।  यही वो गंभीर स्थिति है, जिस वजह से ट्रंप ईरान युद्ध…

अगले चुनाव से संभव है महिला आरक्षण

April 19, 2026

महिला आरक्षण की आड़ में लाया गया परिसीमन का विधेयक संसद में पास नहीं हो सका। एकजुट विपक्ष ने सरकार को हरा दिया। उसके बाद से इस बात की चर्चा हो रही है कि क्या महिला आरक्षण अब कई बरसों के लिए टल गया? ऐसा नहीं है। अगर सरकार पूरी प्रक्रिया में तेजी ले आए…

विपक्ष को मनोवैज्ञानिक बढ़त

April 19, 2026

केंद्र सरकार और भारतीय जनता पार्टी दोनों को अंदाजा रहा होगा कि संविधान संशोधन का विधेयक पास नहीं होगा। फिर भी उसे पेश किया गया ताकि विपक्ष को महिला विरोधी ठहराया जाए। तीन दिन में सरकार ने यही काम किया। इसका ज्यादा मैसेज पश्चिम बंगाल में देना था, जहां भाजपा का मुकाबला तृणमूल कांग्रेस से…

बिना कानून बने संशोधन हो रहा था

April 19, 2026

सोचें, सरकार नारी शक्ति वंदन कानून में संशोधन के बिल को लेकर कितनी अगंभीर थी कि उसने इस कानून को लागू किए बगैर ही संशोधन का प्रस्ताव पेश कर दिया था। इससे यह भी साफ हो रहा है कि सरकार सब कुछ दिखावे के लिए कर रही थी। उसको असल में कानून नहीं बनवाना था।…

विपक्ष को क्रेडिट कैसे मिलता

April 19, 2026

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकसभा में संविधान के 131वें संशोधन विधेयक पर बोलते हुए कमाल की बात कही। उन्होंने कहा कि उनको क्रेडिट नहीं चाहिए। प्रधानमंत्री ने कहा कि विपक्ष के लोगों को लग रहा है कि इससे भाजपा का या मोदी का कोई राजनीतिक फायदा है तो वे इसका क्रेडिट विपक्ष को देने को…

logo