हर गणराज्य के दो चेहरे होते हैं, एक जो आज़ादी के वादे से जगमगाता है, दूसरा वह जो भ्रष्टाचार की अनदेखी, दण्डहीनता की चुप सड़न में ढंका रहता है। राष्ट्र आज़ादी के संकल्प से उठते हैं, फिर धीरे-धीरे उन्हीं मूर्तियों के आगे झुक जाते हैं जिन्हें लोगों ने खुद गढ़ा होता है। प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति… Continue reading फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति जेल की दालान में!
