भाजपा में आउटसाइडर सीएम क्लब

Categorized as राजनीति

भारतीय जनता पार्टी के नेताओं और भाजपा बीट कवर करने वाले पत्रकारों में इन दिनों आउटसाइडर सीएम क्लब की बड़ी चर्चा हो रही है। भाजपा के पुराने नेता तंज करने के अंदाज में अपनी पीड़ा जाहिर कर रहे हैं तो नेतृत्व के फैसले को हर हाल में डिफेंड करने वाले नेता कह रहे हैं कि अगर ऐसा नहीं होता तो भाजपा का भगवा रंग देश के इतने हिस्से में नहीं फैला होता। दोनों के अपने अपने तर्क हैं। लेकिन दोनों पक्ष इस बात पर सहमत है कि यह एक रणनीतिक दांव है, जिसका फायदा भाजपा को हुआ है। अगर ऐसा नहीं होता तो दूसरी पार्टियों खास कर कांग्रेस से टूट कर भाजपा में शामिल होने के लिए मजबूत और बड़े नेता लालायित नहीं रहते। यह भी कहा जा रहा है कि भाजपा ऐसे ही नेताओं को आगे बढ़ाती है और मुख्यमंत्री या मंत्री बनाती है, जिनका जमीनी आधार मजबूत होता है और जिनसे भाजपा को फायदा होता है। इसके साथ साथ यह अटकल भी लगाई जाती है कि अगला नंबर किसका होगा, किस पार्टी से कौन नेता टूटेगा, जिसे मुख्यमंत्री बनाया जाएगा?

पहले आउटसाइडर सीएम क्लब की बात करें तो उसमें ताजा एंट्री शुभेंदु अधिकारी की है। वे सिर्फ साढ़े पांच साल पहले भाजपा में शामिल हुए थे। दिसंबर 2020 में उन्होंने तृणमूल कांग्रेस छोड़ी थी। छह महीने के बाद हुए विधानसभा चुनाव में भाजपा तीन सीट से 77 पर पहुंची और भाजपा में महज छह माह पुराने शुभेंदु को भाजपा विधायक दल का नेता बनाया गया। वे पांच साल नेता प्रतिपक्ष रहे और अब मुख्यमंत्री बन गए हैं। इससे पहले इस क्लब में सम्राट चौधरी की एंट्री हुई, जिनको बिहार का मुख्यमंत्री बनाया गया है। शुभेंदु के मुकाबले उनको मुख्यमंत्री बनने में ज्यादा समय लगा। वे कोई नौ साल पहले भाजपा में शामिल हुए थे। उनकी राजनीति राजद विरोध से शुरू हुई थी। वे अपने पिता शकुनी चौधरी के साथ समता पार्टी में थे। उनके पिता और नीतीश कुमार ने मिल कर समता पार्टी बनाई थी। भाजपा में आने पर वे प्रदेश अध्यक्ष बने और दो बार उप मुख्यमंत्री बनने के बाद मुख्यमंत्री बने।

शुभेंदु अधिकारी की तरह असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा को भी भाजपा में आने के बाद पांच से छह साल ही लगे थे मुख्यमंत्री बनने में। वे 2015 में भाजपा में शामिल हुए थे और 2021 में मुख्यमंत्री बने थे। उससे पहले 2016 में वे सर्बानंद सोनोवाल की सरकार में मंत्री रहे। अगर बड़े राज्यों की बात करें तो असम, बंगाल और बिहार के अलावा भाजपा ने कर्नाटक में बाहर से आए बसवराज बोम्मई को सीएम बनाया था। लेकिन अब वे सीएम नहीं हैं। इसलिए उनको क्लब में नहीं रखा जा सकता है। सो, शुभेंदु अधिकारी, सम्राट चौधरी और हिमंत बिस्वा सरमा के अलावा इस क्लब में त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा हैं। वे भी कांग्रेस छोड़ कर 2016 में भाजपा में शामिल हुए। अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू भी कांग्रेस छोड़ कर आए हैं। भाजपा नेताओं में इस बात की भी चर्चा है कि आने वाले दिनों में बाहर से आय़ा कौन नेता मुख्यमंत्री बन सकता है? इसमें ज्योतिरादित्य सिंधिया को काफी ऊपर रखा जा रहा है। उनके एक न एक दिन मध्य प्रदेश का मुख्यमंत्री बनने की चर्चा है। हालांकि राजनीति में बहुत मजबूत रहने के बावजूद उनकी दादी और उनके पिता सीएम नहीं बन पाए थे। बसपा से आए ब्रजेश पाठक उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री हैं। यूपी में ब्राह्मण सीएम बनने की संभावना कम है लेकिन वे भी दावेदार माने जा रहे हैं। आम आदमी पार्टी छोड़ कर भाजपा में शामिल हुए राघव चड्ढा पंजाब में चेहरा हो सकते हैं। चुनाव जीत कर बनना तो मुमकिन नहीं दिख रहा है।


Previous News Next News

More News

लोकसभा में विपक्ष का हंगामा, लगातार आठवें दिन नहीं चल सका प्रश्नकाल

July 30, 2026

लोकसभा में बृहस्पतिवार को विभिन्न मुद्दों पर कांग्रेस समेत विपक्षी सदस्यों के हंगामे के कारण प्रश्नकाल लगातार आठवें दिन नहीं चल सका और कार्यवाही शुरू होने के कुछ मिनट के भीतर दोपहर दो बजे तक स्थगित कर दी गई। कांग्रेस सदस्यों को बुधवार को सदन में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के भाषण के दौरान पैदा…

भारत से लगे नेपाल के इलाकों में चौथे दिन भी कर्फ्यू जारी

July 30, 2026

नेपाल के कोशी प्रांत में भारत की सीमा से लगे सुनसरी जिले के कई हिस्सों में सांप्रदायिक हिंसा के बाद बृहस्पतिवार को लगातार चौथे दिन अनिश्चितकालीन कर्फ्यू जारी रहा। इस हिंसा में एक व्यक्ति की मौत हो गई है जबकि कई अन्य लोग घायल हुए हैं। सुनसरी के सहायक मुख्य जिला अधिकारी पोषण लामिछाने ने…

राजस्थान: आठ जिलों में स्थाई लोक अदालतों के गठन को मंजूरी

July 30, 2026

राजस्थान सरकार ने आठ जिलों में स्थाई लोक अदालतों के गठन को मंजूरी दी है। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने इन स्थाई लोक अदालतों के गठन के प्रस्ताव को अनुमोदित किया। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार के निर्णय के तहत फलौदी, डीडवाना-कुचामन, खैरथल-तिजारा, ब्यावर, बाड़मेर,…

पंजाब में ‘प्रश्नपत्र लीक’ के विरोध में दिल्ली भाजपा का प्रदर्शन, शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग

July 30, 2026

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की दिल्ली ईकाई ने बृहस्पतिवार को मंडी हाउस के निकट आम आदमी पार्टी (आप) के कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कर पंजाब में कथित प्रश्नपत्र लीक की घटनाओं को लेकर राज्य के शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग की। भाजपा की दिल्ली इकाई के अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा के नेतृत्व में प्रदर्शनकारी फिरोजशाह…

गृह मंत्री संसद में आने से क्यों डर रहे हैं, ‘अपराधबोध’ नजर आता है : राहुल

July 30, 2026

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने दिल्ली में प्रदर्शनकारी छात्रों पर बीते 20 जुलाई को बलप्रयोग किए जाने को लेकर बृहस्पतिवार को गृह मंत्री अमित शाह पर एक बार फिर निशाना साधा और सवाल किया कि वह संसद में आने से तथा इस मामले पर सफाई देने से क्यों डरे हुए हैं। लोकसभा में…

logo