चीन के ‘विक्ट्री डे’ परेड में सबसे बड़ी सैन्य शक्ति का प्रदर्शन

Categorized as समाचार

बीजिंग। द्वितीय विश्व युद्ध में चीन ने जीत की 80वीं वर्षगांठ पर ‘विक्ट्री डे परेड’ के बहाने अपना सबसे बड़ा सैन्य शक्ति प्रदर्शन किया है। चीन ने हाइपरसोनिक मिसाइलों, इलेक्ट्रॉनिक युद्ध प्रणालियों और मानवरहित लड़ाकू प्लेटफार्मों समेत अपनी सबसे उन्नत सैन्य तकनीक को सार्वजनिक तौर पर दिखाते हुए सैन्य परेड निकाली। इसमें 10 हजार से अधिक सैन्यकर्मी, 100 से अधिक विमान के साथ ही सैकड़ों टैंक और बख्तरबंद वाहन थे। 

चीन के तियानमेन में आयोजित इस कार्यक्रम में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और उत्तर कोरिया के सर्वोच्च नेता किम जोंग उन ने हिस्सा लिया। इसके अलावा, ईरान, मलेशिया, पाकिस्तान, नेपाल, मालदीव, म्यांमार, इंडोनेशिया, मंगोलिया, जिम्बाब्वे और मध्य एशियाई देशों के राष्ट्राध्यक्ष भी मौजूद रहे।

राष्ट्रपति शी जिनपिंग की मौजूदगी में परेड हुई। वैश्विक तनाव के बीच ‘विक्ट्री डे परेड’ के दौरान चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने शांति और अंतर्राष्ट्रीय सहयोग का संदेश दिया। अपने मुख्य भाषण में शी जिनपिंग ने कहा कि यह विजय आधुनिक काल में विदेशी आक्रमण के खिलाफ चीन की पहली पूर्ण जीत थी।

Also Read : क्षेत्रीय शांति के लिए आतंकवाद सबसे बड़ा खतरा

जिनपिंग ने कहा मानव सभ्यता के उद्धार और विश्व शांति की रक्षा में चीनी लोगों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया है।” उन्होंने राष्ट्रों से ‘युद्ध के मूल कारणों को समाप्त करने’ और ऐतिहासिक त्रासदियों की पुनरावृत्ति को रोकने का आग्रह किया।

उन्होंने यह भी कहा कि पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) को चीन के कायाकल्प और आधुनिकीकरण के लिए रणनीतिक समर्थन देना चाहिए, ताकि देश 2035 तक एक पूरी तरह आधुनिक समाजवादी राष्ट्र बन सके।

यह 2015 के बाद सिर्फ दूसरी बार था, जब चीन ने इस पैमाने पर ‘विक्ट्री डे’ पर परेड आयोजित की। परेड स्थल पर ग्रेट वॉल जैसी विशाल संरचनाएं लगाई गई थीं, जो युद्धकाल के दौरान चीनी धैर्य और संघर्ष का प्रतीक थीं। हेलीकॉप्टरों से ‘न्याय की जीत’, ‘शांति की जीत’ और ‘जनता की जीत’ लिखे बैनर लहराए गए, जबकि सैनिकों ने सटीक मार्च पास्ट किया। दर्शकों और युद्ध के दिग्गजों ने युद्धकाल की ऐतिहासिक सैन्य इकाइयों को समर्पित 80 स्मृति ध्वजों को भी देखा।

चीन का प्रतिरोध 1931 में शुरू हुआ था, जो मित्र राष्ट्रों में सबसे प्रारंभिक और लंबे समय तक चलने वाला था। चीन ने जापान की आधे से अधिक विदेशी सेना को घेर लिया और 3.5 करोड़ हताहत हुए, जो द्वितीय विश्व युद्ध में हुए कुल वैश्विक नुकसान का लगभग एक तिहाई था।

कार्यक्रम में उन देशों के प्रतिनिधियों को भी आमंत्रित किया गया था, जिन्होंने युद्ध के दौरान चीन का समर्थन किया था, जिनमें अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, रूस और कनाडा शामिल हैं।

इस परेड में पहली बार संयुक्त राष्ट्र के तहत सेवा देने वाले चीनी शांति सैनिकों को भी शामिल किया गया, जो चीन की वैश्विक रक्षा भूमिका में बढ़ते प्रभाव को दर्शाता है। कांगो में सेवा दे चुके एक सैनिक ने कहा हम पूर्वजों के खून से हासिल की गई शांति की रक्षा करने की क्षमता रखते हैं।

Pic Credit : X


Previous News Next News

More News

‘युवा भारतीय गढ़ रहे देश-दुनिया का भविष्य’, प्रधानमंत्री मोदी

June 13, 2026

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि एनडीए सरकार युवाओं के नेतृत्व वाले विकास को मजबूत रूप से आगे बढ़ा रही है। उन्होंने कहा कि यह देखकर प्रसन्नता होती है कि युवा भारतीय उन क्षेत्रों में योगदान दे रहे हैं जो हमारे देश और दुनिया के भविष्य को आकार देंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के…

दिल्ली में 500 यूनिट से अधिक बिजली खपत करने वालों पर बढ़ेगा बिल का बोझ

June 13, 2026

दिल्ली के बिजली उपभोक्ताओं को जून महीने में बड़ा झटका लग सकता है। दिल्ली विद्युत विनियामक आयोग (डीईआरसी) ने राजधानी की तीनों बिजली वितरण कंपनियों, बीएसईएस राजधानी पावर लिमिटेड (बीआरपीएल), बीएसईएस यमुना पावर लिमिटेड (बीवाईपीएल) और टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड (टीपीडीडीएल) को अप्रैल 2026 के लिए पावर परचेज एडजस्टमेंट चार्ज (पीपीएसी) वसूलने की अनुमति…

लेफ्टिनेंट जनरल धीरज सेठ होंगे अगले सेना प्रमुख

June 13, 2026

लेफ्टिनेंट जनरल धीरज सेठ को केंद्र सरकार ने भारतीय सेना का अगला प्रमुख (चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ) नियुक्त किया है। धीरज सेठ मौजूदा आर्मी चीफ जनरल उपेंद्र द्विवेदी की जगह लेंगे। 30 जून को आर्मी स्टाफ के मौजूदा चीफ जनरल उपेंद्र द्विवेदी उसी दिन रिटायर हो रहे हैं। लेफ्टिनेंट जनरल धीरज सेठ नेशनल डिफेंस एकेडमी,…

‘मां-बहन’: रिश्तों की गालियों से गरिमा तक की सिनेमाई यात्रा

June 13, 2026

यहां स्त्री-विमर्श है, लेकिन नारेबाज़ी नहीं। यहां सामाजिक टिप्पणी है, लेकिन उपदेश नहीं। यहाँ संवेदनशीलता है, लेकिन भावुकता का अतिरेक नहीं। तकनीकी पक्ष की बात करें तो फ़िल्म का कैमरा वर्क कहानी के स्वभाव के अनुरूप है। चमक-दमक से दूर, वास्तविक जीवन के करीब। फ्रेम्स में एक तरह की घरेलू घुटन भी है और आत्मीयता…

ट्रंप ने ईरान युद्ध खत्म किया

June 13, 2026

नई दिल्ली। अमेरिका ने ईरान के खिलाफ युद्ध समाप्त कर दिया है। युद्ध शुरू होने के करीब ढाई महीने के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को दावा किया कि अमेरिका ने ईरान के साथ युद्ध खत्म कर दिया है। इसके साथ ही सूत्रों के हवाले से यह भी खबर आई है कि रविवार…

logo