1967 के बाद ऐसी स्थिति आई है, जब देश के किसी भी राज्य में ऐसी सरकार नहीं है, जिसमें कोई कम्युनिस्ट पार्टी शामिल हो। ।।।हाल के वर्षों में वर्ग दृष्टिकोण से हट कर अस्मिता के प्रश्नों को तरहीज देने की प्रवृत्ति अपने को कम्युनिस्ट कहने वाले अनेक दलों/ गुटों में भी बढ़ती चली गई है।… Continue reading सीपीएम के सामने है जो असल सवाल
