ल्यूपिन को जेनेरिक कैंसर दवा के लिए यूएस एफडीए से मिली मंजूरी

Categorized as प्रादेशिक समाचार

फार्मा सेक्टर की दिग्गज कंपनी ल्यूपिन ने घोषणा की है कि यूएस फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन ने कैंसर रोगियों के लिए 2.5 मिलीग्राम से 25 मिलीग्राम की क्षमता वाले लेनालिडोमाइड कैप्सूल के लिए उसके नए दवा आवेदन को मंजूरी दे दी है।

कंपनी ने एक एक्सचेंज फाइलिंग में कहा कि लेनालिडोमाइड को मल्टीपल मायलोमा (एक घातक रक्त कैंसर) वाले वयस्क रोगियों के उपचार के लिए स्वीकृति मिली है। खासतौर पर जब ऑटोलॉगस हेमटोपोइएटिक स्टेम सेल ट्रांसप्लांटेशन के बाद मेनटेनेंस थैरेपी के रूप में डेक्सामेथासोन के साथ इसका उपयोग किया जाता है।

लेनालिडोमाइड कैप्सूल अमेरिकी बहुराष्ट्रीय कंपनी ब्रिस्टल-मायर्स स्क्विब कंपनी द्वारा विकसित रेव्लिमिड कैप्सूल का एक जेनेरिक वर्जन है।

बयान में कहा गया है कि इस उत्पाद का निर्माण ल्यूपिन के मध्य प्रदेश स्थित पीथमपुर प्लांट में किया जाएगा। ल्यूपिन ने घोषणा की है कि कंपनी का जेनेरिक प्रोडक्ट रेवलिमिड का एक किफायती विकल्प होगा।

Also Read :  महाकाल की नगरी उज्जैन का चमत्कारी घाट

कंपनी ने बताया कि 2.5 मिलीग्राम, 5 मिलीग्राम, 10 मिलीग्राम, 15 मिलीग्राम, 20 मिलीग्राम और 25 मिलीग्राम (आरएलडी रेवलिमिड) के लेनलिडोमाइड कैप्सूल की अमेरिका में अनुमानित वार्षिक बिक्री 7,511 मिलियन डॉलर है।

ल्यूपिन का मुख्यालय मुंबई में है। यह 100 से अधिक बाजारों में ग्लोबल फार्मास्युटिकल्स कंपनी के रूप में काम करती है। कंपनी ब्रांडेड एंड जेनेरिक फॉर्मूलेशन, कॉम्प्लेक्स जेनेरिक्स, बायोटेक्नोलॉजी प्रोडक्ट और एक्टिव फार्मास्युटिकल्स इंग्रीडिएंट्स पर ध्यान केंद्रित करती है।

कंपनी के दुनिया भर में 15 मैन्युफैक्चरिंग साइट्स और सात रिसर्च सेंटर हैं, जिनमें 24,000 से अधिक कर्मचारी काम करते हैं। ल्यूपिन को हाल ही में अमेरिकी प्रशासन से जेनेरिक कॉन्ट्रासेप्टिव टैबलेट मिंजोया के लिए भी मंजूरी मिली है।

यह दवा यूएस बेस्ड एवियन फार्मास्युटिकल्स एलएलसी द्वारा विकसित बाल्कोल्ट्रा का जेनेरिक इक्विवेलेंट है। मिंजोया का निर्माण भी ल्यूपिन के पीथमपुर स्थित प्लांट में किया जाएगा।

इस बीच, गुरुवार को ल्यूपिन के शेयर पिछले दिन के बंद भाव से 0.70 रुपए या 0.03 प्रतिशत की मामूली गिरावट के साथ 2,030.50 रुपए पर आ गए।

कंपनी के शेयर में पिछले पांच कारोबारी दिनों में 5.30 रुपए या 0.26 प्रतिशत की गिरावट आई है। जबकि, पिछले एक महीने में दवा कंपनी के शेयरों में 62.30 रुपए या 3.17 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।

Pic Credit : ANI


Previous News Next News

More News

टेंडर और ओएसएम दोनों में गड़बड़ी

June 4, 2026

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड यानी सीबीएसई के चेयरमैन और सचिव को हटाने के फैसले का कोई मतलब नहीं है। असली सवाल यह है कि जांच के लिए जो एक सदस्यीय कमेटी बनी है उसकी रिपोर्ट में क्या बताया जाता है और उसके आधार पर शिक्षा मंत्रालय क्या कदम उठाता है? उस जांच कमेटी को कुछ…

संसदीय समिति का क्या मतलब रह गया?

June 4, 2026

यह चिंता पिछले कई सालों से जताई जा रही है कि संसदीय समितियों को धीरे धीरे कमजोर किया जा रहा है। अभी शिक्षा के क्षेत्र में जो गड़बड़ियां हुई हैं उनको लेकर शिक्षा मंत्रालय की संसदीय समिति के कामकाज में इसके संकेत मिले हैं। पता चला है कि सत्तारूढ़ दल यानी भाजपा और उसकी सहयोगी…

भारत का शेयर बाजार सातवें स्थान पर लुढ़का

June 4, 2026

भारत के शेयर बाजार का मूल्य लगातार गिरता जा रहा है। अब यह खिसक कर सातवें स्थान पर पहुंच गया है। पिछले दिनों खबर आई थी कि ताइवान की सिर्फ एक कंपनी टीएसएमसी का बाजार मूल्य बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज यानी बीएसई में सूचीबद्ध सभी कंपनियों के बाजार मूल्य से ज्यादा हो गई है। जाहिर है…

सुरजीत भल्ला की सलाह तो सुने सरकार

June 4, 2026

सरकार को विपक्षी पार्टियां सलाह देती हैं तो उनको राजनीतिक आलोचना कह कर खारिज कर दिया जाता है। राहुल गांधी लगातार कितने वर्षों से कह रहे हैं कि भारत अर्थव्यवस्था में पिछड़ रहा है। लेकिन उनकी बात नहीं सुनी जाती है उलटे उनको पप्पू ठहराने का अभियान चलता रहता है। लेकिन अब तो सरकार के…

कथित वैश्विक संवाद की आईआईसी अड्डेबाजी

June 4, 2026

आज आआईसी की ज़मीन की कीमत 30 अरब रुपए है। क़रीब चार हज़ार एसोसिएट सदस्यों में से कइयों को सदस्यता देने पर तरह-तरह के सवाल हैं और क़रीब डेढ़ हज़ार अल्पकालिक सदस्यों में से तो ज़्यादातर की प्रोफ़ाइल गहरे कुहासे से लिपटी हुई है। सदस्यता देने की चयन प्रक्रिया को ले कर पिछले वर्षों में…

logo