अजित पवार की प्लेन क्रैश में मौत: पीएम मोदी ने सीएम फडणवीस से बात की

Categorized as समाचार

महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार की विमान दुर्घटना में मौत के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुख जताया है। उन्होंने राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से फोन पर बात की है।

जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से फोन पर बात कर घटना की पूरी जानकारी ली। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी सीएम फडणवीस को फोन किया। महाराष्ट्र सरकार के अधिकारियों ने बताया कि पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को दुर्घटना और वर्तमान स्थिति से अवगत कराया गया है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अजित पवार की मौत पर शोक व्यक्त करते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “महाराष्ट्र के बारामती में हुए दुर्भाग्यपूर्ण प्लेन क्रैश से मैं बहुत दुखी हूं। मेरी संवेदनाएं उन सभी लोगों के साथ हैं, जिन्होंने इस दुर्घटना में अपने प्रियजनों को खो दिया है। मैं प्रार्थना करता हूं कि दुखी परिवारों को इस दुख की घड़ी में शक्ति और हिम्मत मिले।

अजित पवार के बारे में पीएम मोदी ने कहा वे एक ऐसे जननेता थे जिनका लोगों से और जमीनी स्तर से गहरा जुड़ाव था। उन्हें एक मेहनती इंसान के तौर पर बहुत इज्जत दी जाती थी, जो महाराष्ट्र के लोगों की सेवा में हमेशा सबसे आगे रहते थे। उन्हें प्रशासकीय मामलों की गहरी समझ थी। 

Also Read : महाराष्ट्र: उपमुख्यमंत्री अजित पवार समेत 6 लोगों की विमान दुर्घटना में मौत

गरीबों और जरूरतमंदों को मजबूत बनाने के लिए उनका जुनून खासतौर पर देखने लायक था। उनका अचानक जाना बहुत चौंकाने वाला और दुखद है। उनके परिवार और अनगिनत समर्थकों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शोक व्यक्त करते हुए कहा एक दुखद हादसे में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और एनडीए के हमारे वरिष्ठ साथी अजित पवार को खो देने की सूचना से मन अत्यंत व्यथित है। अजित पवार ने बीते साढ़े तीन दशकों में जिस प्रकार महाराष्ट्र के हर वर्ग के कल्याण के लिए खुद को समर्पित किया, उसे शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता। वे जब भी मिलते थे, महाराष्ट्र की जनता के कल्याण संबंधी अनेक विषयों पर लंबी चर्चा करते थे। उनका निधन एनडीए परिवार के साथ ही मेरे लिए भी व्यक्तिगत क्षति है।

उन्होंने ‘एक्स’ पोस्ट में आगे लिखा मैं पवार परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं। शोक की इस घड़ी में पूरा एनडीए शोक-संतप्त पवार परिवार के साथ मजबूती से खड़ा है। ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें।

उपमुख्यमंत्री अजित पवार बुधवार को जनसभा में शामिल होने के लिए मुंबई से बारामती जा रहे थे। सुबह करीब 9 बजे उनका विमान बारामती के पास लैंडिंग के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। बताया जा रहा है कि विमान बारामती के एक एयरपोर्ट पर लैंडिंग के दौरान कंट्रोल से बाहर हो गया और क्रैश हो गया। क्रैश के बाद विमान में आग लग गई। जानकारी के अनुसार, विमान में सवार कोई भी व्यक्ति इस दुर्घटना में जीवित नहीं बचा है।

Pic Credit : ANI


Previous News Next News

More News

सत्रावसान में देरी का एक रिकॉर्ड तो टूटा

September 29, 2026

संसद का मानसून सत्र समाप्त हुए डेढ़ महीने से ज्यादा हो गए। सत्र 13 अगस्त को स्थगित हुआ था। लेकिन अभी तक सत्रावसान नहीं किया गया है। संसद स्थघित हुए 47 दिन हो गए हैं। आमतौर पर अनिश्चितकाल तक के लिए स्थगित होने के एक हफ्ते में सत्रावसान कर दिया जाता है। उसके बाद जब…

सीपीएम का अपना एजेंडा है

September 29, 2026

देश की सबसे बड़ी कम्युनिस्ट पार्टी सीपीएम के महासचिव एमए बेबी ने विपक्षी गठबंधन की बैठक बुलाने की पहल की। इस पहल पर ममता बनर्जी ने सबसे पहले जवाब दिया और उन्होंने बेबी से फोन पर बात की। कांग्रेस ने भी इस पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी और उसके बाद 30 सितंबर की बैठक तय हुई।…

सपा-कांग्रेस की मुस्लिम वोट की खींचतान

September 29, 2026

वैसे उत्तर प्रदेश के मुसलमानो के मन में कोई भ्रम नहीं है। वे अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी के साथ हैं क्योंकि उनको लग रहा है कि सपा ही इस बार भाजपा से लड़ने वाली मुख्य ताकत है। पिछले लोकसभा चुनाव मे उन्होंने देखा कि भाजपा के समर्थक मतदाताओं में भी अगर भाजपा से नाराजगी…

यूपीएससी के सवाल क्या एआई बना रहा है?

September 29, 2026

यह बहुत परेशान करने वाला सवाल है क्योंकि संघ लोक सेवा आयोग यानी यूपीएससी एकमात्र ऐसी संस्था है, जिस पर प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होने वाले अभ्यर्थी आज भी आंख मूंद कर भरोसा करते हैं। इसका भरोसा इतना गहरा है कि सुप्रीम कोर्ट ने दो बार अपनी सुनवाई में नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यानी एनटीए और…

साहब अच्छे एक्टर नहीं!

September 29, 2026

कारण जो हो, साहब का विदेशियों के प्रति प्रेमिल झुकाव, और देसियों के प्रति रूखा बर्ताव बेढब है। फिर, बार-बार सीमित अंदाज, ऊँचे, हवाई दावे, वैज्ञानिकों विशेषज्ञों जैसे ऑडियेंस में भी घिसे-पिटे मुहावरे, उपदेश, आदि उन की समझ का भी सीमित दायरा दिखाता है। ऊँचे पद से वह थोड़ा ढँका जरूर रहा, पर छिपा नहीं…

logo