केरल दौरे पर पहुंचे राहुल गांधी

Categorized as प्रादेशिक समाचार

केरल का नाम बदलकर ‘केरलम’ किए जाने के प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी दिवसीय दौरे पर पहुंचे हैं। राहुल गांधी ने शुक्रवार को नव केरल यात्रा के तहत कई कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। ऐसे में केरल में कांग्रेस द्वारा ‘गारंटी’ की घोषणा की संभावना जताई जा रही है।

नव केरल यात्रा के समापन समारोह में राहुल गांधी केरल के लिए कांग्रेस की कुछ गारंटियों की घोषणा कर सकते हैं। लगभग 3-4 प्रमुख गारंटियों की घोषणा की जाएगी। ये गारंटियां महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और युवाओं सहित प्रमुख सामाजिक समूहों के लिए प्रत्यक्ष लाभों पर केंद्रित होंगी। ये गारंटियां कर्नाटक और तेलंगाना में लागू किए गए मॉडल की तर्ज पर तैयार की जा रही हैं। इन राज्यों में गारंटियों के सफल कार्यान्वयन और जनहित ने केरल में भी इसी तरह का ढांचा लागू करने के लिए पार्टी के आत्मविश्वास को मजबूत किया है। अतिरिक्त प्रतिबद्धताओं को रेखांकित करने वाला विस्तृत चुनावी घोषणापत्र आने वाले दिनों में जारी किया जा सकता है।

इसी बीच लोकसभा सांसद राहुल गांधी ने कोल्लम में महात्मा गांधी की शिवगिरि मठ यात्रा की 100वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में आयोजित जनसभा को संबोधित किया, जहां उन्होंने श्री नारायण गुरुदेवन से मुलाकात की थी।

राहुल गांधी ने कहा, “संविधान में क्षमा है, नारायण गुरुजी में क्षमा है। वास्तव में, मैं सोच रहा था कि अगर नारायण गुरुजी और महात्मा गांधीजी एक ही कमरे में आकर बैठ जाएं और कुछ न कहें, तब भी वे एक-दूसरे को समझ जाएंगे। क्योंकि वे जिस विषय पर चर्चा कर रहे हैं वह सत्य है और सत्य सरल है, उसमें कुछ भी जटिल नहीं है।

Also Read : नेपाल में मतदान संपन्न, नतीजों में देरी होगी

राहुल गांधी ने कहा, “वर्तमान समय में राजनीति और अंतरराष्ट्रीय संबंध ज्ञान से दूर, अंधकार की ओर बढ़ रहे हैं। चाहे राजनीति हो या अंतरराष्ट्रीय संबंध, दूसरे व्यक्ति को समझने का कोई प्रयास नहीं किया जाता और असहमति के मामलों में हिंसा का सहारा लिया जाता है।

राहुल गांधी ने आगे कहा, “आज हम अपनी राजनीति और अंतरराष्ट्रीय संबंधों में देखते हैं कि हर कोई अंधकार की ओर बढ़ रहा है और ज्ञान से दूर जा रहा है। दूसरे व्यक्ति को समझने का कोई प्रयास नहीं किया जाता, बस बम गिराकर मार डाला जाता है।

उन्होंने आरोप लगाया, “हमारे यहां की राजनीति में भी यही हाल है। अगर आप किसी से सहमत नहीं होते, तो आप उस पर हमला करते हैं या उसके प्रति हिंसक हो जाते हैं।

उन्होंने कहा कि गांधी और नारायण गुरु दोनों ही इस तरह की हिंसा के खिलाफ थे और लोगों के बीच प्रेम, सम्मान, क्षमा और समझदारी की वकालत करते थे।

Pic Credit : ANI


Previous News Next News

More News

किसान सम्मान के नाम से ई-20 पेट्रोल बिकेगा

July 30, 2026

भारतीय जनता पार्टी और उसकी केंद्र सरकार के बारे में एक बात माननी होगी। दोनों अपने किसी फैसले को जस्टिफाई करने के लिए कोई भी तर्क खोज सकते हैं। जरूरी नहीं है कि फैसले को जस्टिफाई करने के लिए प्राइमरी तर्क पर ही अड़े रहे हैं। आमतौर पर कोई भी व्यक्ति या सरकार अपने फैसले…

ओवैसी का बिहार वाला दांव यूपी में भी

July 30, 2026

एमआईएम के नेता असदुद्दीन ओवैसी ने बिहार में एक दांव चला था। उन्होंने पिछले साल बिहार विधानसभा चुनाव से पहले लालू प्रसाद और कांग्रेस के सामने प्रस्ताव रखा था कि उनकी पार्टी को गठबंधन में शामिल किया जाए। बिहार के प्रदेश अध्यक्ष अख्तरुल इमान गाजे बाजे के साथ लालू प्रसाद के निवास के बाहर पहुंच…

जस्टिस यशवंत वर्मा की क्या स्थिति है?

July 30, 2026

यह लाख टके का सवाल है कि दिल्ली हाई कोर्ट से इलाहाबाद हाई कोर्ट भेजे गए जस्टिस यशवंत वर्मा की क्या स्थिति है? साथ यह भी सवाल है कि उनके खिलाफ लंबित महाभियोग के मामले की क्या स्थिति है? संसद के सत्र आ रहे हैं और जा रहे हैं। दुनिया भर की दूसरी बातों की…

केरल हारने का कारण खोज लिया सीपीएम ने

July 30, 2026

केरल में लगातार 10 साल राज करने के बाद सीपीएम के नेतृत्व वाला गठबंधन एलडीएफ इस साल मई के चुनाव में हार गया था। उसके बाद से पार्टी में इस बात को लेकर मंथन चल रहा था कि सब कुछ ठीक था तो पार्टी क्यों हारी? इसके लिए पार्टी के बड़े नेताओं के बीच मंथन…

नीलेकणी क्या नीट खत्म करने की सिफारिश करेंगे?

July 30, 2026

इंफोसिस के सह संस्थापक और भारत में आधार क्रांति के सूत्रधार नंदन नीलेकणी के ऊपर केंद्र सरकार ने परीक्षा प्रणाली में सुधार के सुझाव देने का जिम्मा सौंपा है। भारत की अंतरिक्ष एजेंसी इसरो के पूर्व प्रमुख एस सोमनाथ को भी इस उच्चाधिकार प्राप्त कमेटी का सदस्य बनाया गया है। पता नहीं लोगों को याद…

logo