शेयर बाजार और रुपए में बड़ी गिरावट

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मुंबई। प्रधानमंत्री की ओर से देश के लोगों को पेट्रोल, डीजल और गैस किफायत से खर्च करने और पैसा बचाने की सलाह देने के बाद लगातार दूसरे दिन शेयर बाजार में भारी गिरावट हुई। मंगलवार को बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज यानी बीएसई का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक 1,456 अंक गिरा। एक दिन पहले सोमवार को 13 सौ से ज्यादा अंकों की गिरावट हुई थी। पिछले चार कारोबारी सत्रों में शेयर बाजार 35 सौ अंक गिर चुका है।

मंगलवार को रुपए की कीमत में भी भारी गिरावट हुई। एक डॉलर की कीमत 95 रुपए 50 पैसे हो गई। दिन के कारोबार में इसकी कीमत इससे भी ज्यादा हो गई थी। बहरहाल, मंगलवार को शेयर बाजार में सूचकांक 1,456 अंक गिर कर 74,559 के स्तर पर बंद हुआ। निफ्टी में भी 436 अंक की गिरावट रही, ये 23,379 के स्तर पर बंद हुआ। लगातार चौथे कारोबारी दिन बाजार में यह गिरावट आई है। चार दिन में सूचकांक करीब 35सौ अंक और निफ्टी करीब एक हजार अंक गिरा है।

मंगलवार के कारोबार में में रियल्टी और आईटी शेयर सबसे ज्यादा गिरे। टीसीएस, इंफोसिस, टेक महिंद्रा और एचसीएल टेक के शेयरों में साढ़े चार फीसदी तक की गिरावट रही। वहीं ऑटो, फाइनेंशियल सर्विसेज, एफएमसीजी, मीडिया, फार्मा, पीएसयू बैंक और प्राइवेट बैंक सेक्टर में ढाई फीसदी तक की गिरावट आई। माना जा रहा है कि कच्चे तेल की कीमत बढ़ कर 105 डॉलर प्रति बैरल होने और महंगाई बढ़ने की आशंका से बाजार गिरा है। गौरतलब है कि तेल संकट के कारण ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार और सोमवार को लोगों से तेल बचाने सहित सात उपाय आजमाने की बात कही थी।

बहरहाल, शेयर बाजार में गिरावट का एक कारण यह भी है कि विदेशी संस्थागत निवेशक लगातार बिकवाली कर रहे हैं। उन्होंने सोमवार को करीब साढ़े आठ हजार करोड़ रुपए के शेयर बेचे। इस बीच मंगलवार को डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया 95.5 के ऐतिहासिक निचले स्तर पर आ गया। रुपए की कमजोरी से विदेशी निवेशकों का भरोसा डगमगाया है। इसके अलावा अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव से निवेशक डरे हुए हैं।


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