भाजपा ने जारी की उम्मीदवारों की पहली सूची

Categorized as समाचार

पटना। बिहार में सत्तारूढ़ गठबंधन में सीटों को लेकर चल रही खींचतान के बीच भारतीय जनता पार्टी ने अपने उम्मीदवारों की पहली सूची जारी कर दी है। भाजपा ने मंगलवार को अपने 71 उम्मीदवारों की सूची जारी की। उम्मीदवारों की पहली सूची में चार ऐसी सीटें हैं, जिनके बारे में पहले कहा जा रहा था कि ये सीटें चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी को मिल रही हैं। इस सूची में दोनों उप मुख्यमंत्रियों के नाम शामिल हैं। भाजपा ने वरिष्ठ नेता और विधानसभा के स्पीकर नंदकिशोर यादव की टिकट काट दी है।

भाजपा ने मंगलवार को जारी 71 उम्मीदवारों की पहली सूची में उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को तारापुर से और विजय सिन्हा को लखीसराय से टिकट दिया गया है। विधानसभा अध्यक्ष नंदकिशोर यादव का टिकट काटा गया है। वे पांच बार से पटना सिटी से जीतते आ रहे हैं। उनकी जगह पर रत्नेश कुशवाहा को उतारा गया है। पटना की कुम्हरार सीट से पांच बार विधायक रहे अरुण कुमार सिन्हा की जगह संजय गुप्ता को टिकट मिला है।

भाजपा की पहली सूची में 13 मंत्रियों और नौ महिलाओं के नाम हैं। 71 सीटों पर 56 सीटें ऐसी हैं, जिन पर भाजपा चुनाव जीती थी। इनमें से 10 सीटों पर मौजूदा विधायकों की टिकट काट दी गई है। अगर जातीय समीकरण की बात करें तो उम्मीदवारों की सूची में आधे उम्मीदवार अगड़ी जातियों के हैं। भाजपा की पहली सूची में 35 सवर्ण हैं। इनके अलावा अनुसूचित जाति, जनजाति के छह, ओबीसी 11 और अत्यंत पिछड़ी जाति के 19 उम्मीदवार हैं।

गौरतलब है कि भाजपा इस बार 101 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। इनमे से 71 के नाम सामने आ गए हैं। अब 30 उम्मीदवारों के नाम का ऐलान बाकी है। बिहार में छह और 11 नवंबर को मतदान होगा और नतीजे 14 नवंबर को आएंगे। भाजपा ने दोनों उप मुख्यमंत्रियों के साथ 12 मंत्रियों को मैदान में उतारा है। पार्टी के वरिष्ठ नेता और मंत्री मंगल पांडे के अलावा नीतीश मिश्रा, नीरज कुमार बबलू, जीवेश मिश्रा, राजू सिंह, कृष्ण कुमार मंटू, सुरेंद्र मेहता, डॉक्टर सुनील कुमार, संजय सरावगी, डॉ. प्रेम कुमार को भी टिकट दिया गया है।


Previous News Next News

More News

तृणमूल ने भी इसी अंदाज में जवाब दिया

April 29, 2026

ऐसा नहीं है कि भारतीय जनता पार्टी और राइट विंग सोशल मीडिया हैंडल्स से फैलाई जा रही अफवाहों पर ममता बनर्जी की पार्टी ने चुप्पी साध ली। ममता की पार्टी ने भी उसी अंदाज में जवाब दिया। उसने अलग तरह से अफवाहें फैलाईं। पहले तो ममता की पार्टी के आईटी सेल से जुड़े एक व्यक्ति…

महिला बिल पर भाजपा सरकारों का तमाशा

April 29, 2026

महिलाओं को लोकसभा और विधानसभाओं में 33 फीसदी आरक्षण देने के लिए लाए गए नारी शक्ति वंदन कानून पर भाजपा का तमाशा जारी है। संसद में बिल लाने, भाषण देने और राष्ट्रीय चैनल पर देश को संबोधित करने का काम प्रधानमंत्री कर चुके हैं। अब बारी भाजपा की राज्य सरकारों की है। भाजपा की राज्य…

त्रिवेदी को बांग्लादेश भेजने का दांव

April 29, 2026

भारतीय जनता पार्टी चुनावों के समय हर तरह के उपाय आजमाती है। उपाय बहुत छोटा भी हो सकता है और संभव है कि उसका राजनीतिक असर नहीं हो फिर भी भाजपा प्रयास जरूर करती है। ऐसा ही एक प्रयास दिनेश त्रिवेदी को बांग्लादेश का उच्चायुक्त बनाने का है। दिनेश त्रिवेदी गुजरात के रहने वाले हैं।…

लोकतंत्र के झटकने के रूप, ट्रंप और मोदी की कथा

April 29, 2026

अमेरिका में लोकतांत्रिक संकट तेज़ और स्पष्ट है, भारत में वह धीमा और संरचनात्मक रहा है। एक जगह विस्फोट है, दूसरी जगह धँसाव। पर दोनों का परिणाम समान है—संस्थाएँ मौजूद हैं, पर उनका प्रभाव बदल चुका है; चुनाव होते हैं, पर उनकी निष्पक्षता पर संरचनात्मक प्रभाव है; मीडिया है, पर उसकी सीमाएँ तय हैं। तेज़…

अवसरवाद का ओवरडोज हो रहा है

April 29, 2026

भारतीय जनता पार्टी ने आजादी के बाद से बनी परंपराओं और स्थापित मान्यताओं से हट कर जो राजनीति की उसे समय की जरुरत के आधार पर न्यायसंगत ठहराया गया। भाजपा ने खुद यह नैरेटिव स्थापित किया कि आजादी के बाद देश में कुछ भी अच्छा नहीं हुआ है और सब चीजों को ठीक करने के…

logo